ऐतिहासिक सुंदरनाथ धाम के विकास का रास्ता साफ, महंथ सिंघेश्वर गिरि ने भूमि देने पर जताई सहमति

मुख्यमंत्री द्वारा घोषित ₹14.10 करोड़ की योजना को मिलेगी गति, सुंदरी मठ न्यास समिति की बैठक में हुआ ऐतिहासिक निर्णय
ऐतिहासिक सुंदरनाथ धाम के विकास का रास्ता साफ, महंथ सिंघेश्वर गिरि ने भूमि देने पर जताई सहमति
मुख्यमंत्री द्वारा घोषित ₹14.10 करोड़ की योजना को मिलेगी गति, सुंदरी मठ न्यास समिति की बैठक में हुआ ऐतिहासिक निर्णय
सुंदरी मठ/कुर्साकांटा।
अररिया जिले के ऐतिहासिक एवं प्रसिद्ध धार्मिक स्थल सुंदरनाथ धाम में बुधवार संध्या को सुंदरी मठ न्यास समिति की बैठक का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता बिहार सरकार के कैबिनेट मंत्री, सिकटी विधायक एवं न्यास समिति के अध्यक्ष विजय कुमार मंडल ने की, जबकि संचालन सदस्य एच.के. सिंह द्वारा किया गया। बैठक में अररिया के सांसद प्रदीप कुमार सिंह की विशेष उपस्थिति रही।
बैठक का मुख्य विषय मंदिर के विकास कार्य हेतु भूमि उपलब्धता से जुड़ा था। मंत्री श्री मंडल और सांसद श्री सिंह ने पूर्व महंथ घनश्याम गिरि के परिवारजनों से सेवायत की भूमि मंदिर को देने का आग्रह किया, किन्तु उन्होंने इसे अस्वीकार कर दिया।
ज्ञात हो कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपनी प्रगति यात्रा के दौरान 22 जनवरी को सुंदरनाथ धाम के चतुर्दिक विकास के लिए ₹14 करोड़ 10 लाख 91 हजार रुपये की राशि स्वीकृत की थी। लेकिन भूमि न होने के कारण कार्य शुरू नहीं हो सका था।
सांसद, मंत्री सहित भाजपा नेता अजय कुमार झा, समरनाथ सिंह, पूर्व प्रमुख सुशील कुमार सिंह, राजा मिश्रा एवं जिला पार्षद आकाश राज ने महंथ सिंघेश्वर गिरि से भूमि देने का अनुरोध किया, जिस पर उन्होंने सहमति जताई। अब मंदिर समिति को शीघ्र ही भूमि आवंटित की जाएगी, जिससे मुख्यमंत्री की घोषणाओं के अनुरूप विकास कार्यों की शुरुआत संभव हो सकेगी।
बैठक में सर्वसम्मति से यह भी निर्णय लिया गया कि दिवंगत महंथ घनश्याम गिरि के परिवारजनों को समिति में महंथ के सहयोगी के रूप में समाप्त कर दिया जाए, और अब केवल महंथ सिंघेश्वर गिरि ही आधिकारिक महंथ माने जाएंगे।
सांसद प्रदीप सिंह ने इस अवसर पर कहा, “सुंदरनाथ धाम का बहुआयामी विकास अब शीघ्र आरंभ होगा और यह स्थल धार्मिक पर्यटन के मानचित्र पर और अधिक सशक्त रूप में उभरेगा।”
उपस्थित लोग
बैठक में रामानंद मंडल, प्रणव गुप्ता, रामदेव सरदार, श्याम राम, विजय केशरी, मनोज भगत, मुखिया प्रतिनिधि महेश साह, इंद्रानंद सिंह, जितेंद्र गोस्वामी, लड्डू सिंह, श्रवण सिंह, रामबेनी गुप्ता, गुरुदेव सिंह, भानू सिंह, राजकिशोर सिंह, हरिदास, विद्यानंद पासवान, अधिक लाल पासवान, प्रदीप साह सहित दर्जनों ग्रामीण उपस्थित थे।


