
अररिया में PBL पर जिलास्तरीय कार्यशाला सम्पन्न
अररिया में PBL पर जिलास्तरीय कार्यशाला सम्पन्न
अररिया में PBL पर जिलास्तरीय कार्यशाला सम्पन्न

शिक्षकों को मिला आधुनिक, नवाचार आधारित शिक्षण पद्धति का प्रशिक्षण
“प्रोजेक्ट बेस्ड लर्निंग से बच्चे सोचेंगे, समझेंगे और समाधान ढूंढेंगे”—अधिकारियों का संदेश
अररिया।
जिले में शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने और कक्षा-कक्ष में नवाचार को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से प्रोजेक्ट बेस्ड लर्निंग (PBL) पर जिलास्तरीय उन्मुखीकरण सह कार्यशाला का सफल आयोजन किया गया। समग्र शिक्षा के तहत आयोजित इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम में जिलेभर के अधिकारियों, तकनीकी विशेषज्ञों और शिक्षक प्रतिनिधियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
*तकनीकी विशेषज्ञों व जिला टीम की उपस्थिति/
कार्यशाला में शामिल रहे—राजेश ठाकुर, जिला तकनीकी समन्वयक, समग्र शिक्षा, अररिया
निशांत सिंघानिया, टेक्निकल एक्सपर्ट, मंत्रा फॉर चेंज,जिला टेक्निकल टीम—राकेश कुमार, रंजेश कुमार, सचत्येंद्र कुमार, धीरज सिंह, अनुपमा कुमारी,सभी प्रखंड स्तरीय तकनीकी शिक्षक
इन विशेषज्ञों ने शिक्षकों को PBL की अवधारणा, उसके उद्देश्य और कक्षा-कक्ष में इसके प्रभावी उपयोग पर विस्तृत जानकारी दी।
PBL क्यों जरूरी?—अधिकारियों ने बताया महत्व
अधिकारियों ने कहा कि PBL एक ऐसी आधुनिक शिक्षण पद्धति है जिसमें विद्यार्थी—
विषय-वस्तु को गहराई से समझते हैं
विश्लेषण और तर्क करने की क्षमता विकसित करते हैं
समस्या समाधान के कौशल सीखते हैं
समूह में कार्य करना और विचार प्रस्तुत करना सीखते हैं
उन्होंने इसे “वास्तविक जीवन से जुड़ी सीख” बताते हुए कहा कि इस पद्धति से कक्षा का पढ़ाई माहौल जीवंत और रोचक बनता है।
विशेष प्रशिक्षण सत्र: मॉडल प्रोजेक्ट भी दिखाए गए
कार्यशाला में आयोजित प्रशिक्षण सत्रों में निम्न विषयों पर विस्तृत मार्गदर्शन दिया गया—
PBL आधारित प्रोजेक्ट निर्माण
चरणबद्ध क्रियान्वयन
मूल्यांकन की तकनीक
विद्यालय स्तर पर PBL के सफल संचालन की रणनीति
इसके साथ ही मॉडल प्रोजेक्ट्स भी प्रदर्शित किए गए, ताकि शिक्षक इस पद्धति को आसानी से अपने स्कूलों में लागू कर सकें।
विद्यालयों के लिए दिशा-निर्देश भी जारी
कार्यक्रम के समापन पर जिला टीम ने PBL के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश साझा किए।
उपस्थित शिक्षकों ने इसे अत्यंत शिक्षाप्रद बताते हुए कहा कि—
“इस प्रशिक्षण ने हमें नई ऊर्जा, नई दृष्टि और शिक्षण में नवाचार करने की प्रेरणा दी है।”
समग्र शिक्षा की बड़ी पहल
अररिया जिले में शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने की दिशा में समग्र शिक्षा विभाग की यह पहल एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
यह उम्मीद जताई जा रही है कि PBL के माध्यम से बच्चे न केवल पढ़ाई में रुचि बढ़ाएँगे बल्कि जीवन कौशल भी विकसित करेंगे।



