
मिथिलांगन ने आयोजित किया वार्षिक ग्रीष्मकालीन खेल प्रतियोगिता
मिथिलांगन ने आयोजित किया वार्षिक ग्रीष्मकालीन खेल प्रतियोगिता
मिथिलांगन ने आयोजित किया वार्षिक ग्रीष्मकालीन खेल प्रतियोगिता

बिहार के मैथिली भाषा भाषियों की सामाजिक, साहित्यिक एवं सांस्कृतिक संस्था *मिथिलांगन* द्वारा अन्य वर्ष की भांति इस वर्ष भी ग्रीष्म ऋतु का विशेष कार्यक्रम *खेल प्रतियोगिता* का आयोजन नई दिल्ली स्थित मिथिलांगन के देवेश्वरी भवन में आयोजित किया गया । *श्री हिरेन्द्र लाल दास ट्रॉफी* के इस कैरम एवं शतरंज खेल प्रतियोगिता में कुल 24 प्रतिभागियों में पुरूषों के अलावा महिलाओं और उत्साही बाल प्रतिभागियों ने अपने उत्कृष्ठ प्रतिभा का प्रदर्शन किया। खास करके शतरंज के प्रति बच्चों एवं महिलाओं का उत्साह कार्यक्रम को और भी रोमांचक बना दिया।
इसके अतिरिक्त मिथिलांगन अपने साहित्यिक एवं सामाजिक दायित्वों का निर्वहन करते हुए मधुबनी ज़िले की श्रीमती मुन्नी कामत, जो फुलपरास के सुरियाही गाँव से हैं, को उनकी मैथिली बाल कथा संग्रह *’चुक्का’* के लिए साहित्य अकादमी *बाल साहित्य पुरस्कार* से सम्मानित किये जाने की सुखद घोषणा के आलोक में मिथिलांगन के अध्यक्ष श्री कमलेश कुमार दासद्वारा उपाध्यक्ष एवं सचिव जी की उपस्थिति में सम्मान किया गया। जिसमें उन्हें मिथिलांगन का प्रतीक चिन्ह उपहार स्वरूप भेंट किया गया। खेल प्रतियोगिता के बाद सभी प्रतिभागियों को उन्हें श्री हिरेन्द्र लाल दास ट्रॉफी से पुरस्कृत किया गया एवं मिथिलांगन के माननीय सचिव श्री निर्भय कुमारजी ने सभी खेल प्रतियोगियों को उनके योगदान के लिए लिए शुभकामना दिया। मिथिलांगन के महिला एवं बाल विकास प्रभारी श्रीमती दीपाली कर्णजी ने अगले वर्ष बाल एवं महिला प्रतिभागियों की संख्या में वृद्धि करने का भरोसा दिलाया। अन्त में मिथिलांगन के आयोजन समिति द्वारा मिथिला का प्रसिद्ध भोजन चूड़ा दही आम के उत्कृष्ट भोजन के साथ कार्यक्रम समपन्न हुआ। इस अवसर पर मिथिलांगन के सांस्कृतिक सदस्य श्री यश दास, पीयूष चन्द्र दास एवं भव्य दास ने श्रीमती मुन्नी कामत के सम्मान एवं मैथिली गीत प्रस्तुत किया।


