
विद्युत ऊर्जा चोरी के विरुद्ध विशेष छापेमारी में बड़ी कार्रवाई, ₹42.86 लाख की राजस्व क्षति का मामला उजागर
विद्युत ऊर्जा चोरी के विरुद्ध विशेष छापेमारी में बड़ी कार्रवाई, ₹42.86 लाख की राजस्व क्षति का मामला उजागर
*प्रेस विज्ञप्ति*
विद्युत ऊर्जा चोरी के विरुद्ध विशेष छापेमारी में बड़ी कार्रवाई, ₹42.86 लाख की राजस्व क्षति का मामला उजागर

समस्तीपुर, 11 जून 2026।
उत्तर बिहार पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड (NBPDCL) द्वारा विद्युत ऊर्जा चोरी के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत एसटीएफ मुख्यालय के डिजिटल सर्विलांस एवं तकनीकी विश्लेषण के आधार पर औद्योगिक उपभोक्ता संजीत कुमार के परिसर में छापेमारी की गई।
इस कार्रवाई हेतु गठित संयुक्त छापेमारी दल में श्री संजय कुमार सिंह, विद्युत कार्यपालक अभियंता, STF मुख्यालय, श्री मदन कुमार, विद्युत कार्यपालक अभियंता, STF समस्तीपुर, श्री आनंद कुमार, विद्युत कार्यपालक अभियंता, आपूर्ति, समस्तीपुर, श्री सुदर्शन राज, कनीय विद्युत अभियंता, STF मुख्यालय, श्री मितु रंजन, सहायक विद्युत अभियंता, विद्युत आपूर्ति अवर प्रमंडल, पूसा, श्री रेयाज अहमद, कनीय विद्युत अभियंता, विद्युत आपूर्ति प्रशाखा,पूसा फार्म, तथा मानव बल श्री मदन कुमार ठाकुर शामिल थे।
मुख्यालय स्तर पर लगातार निगरानी के दौरान यह संदेह उत्पन्न हुआ कि पूसा क्षेत्र स्थित एक आइस (बर्फ) निर्माण फैक्ट्री में वास्तविक विद्युत खपत एवं मीटर रिकॉर्ड में असामान्यता है। प्राप्त इनपुट के आधार पर विद्युत पदाधिकारियों एवं एसटीएफ टीम के संयुक्त छापामारी दल का गठन किया गया।

दिनांक 11.06.2026 को प्रातः लगभग 5:00 बजे टीम द्वारा संबंधित औद्योगिक परिसर का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के समय फैक्ट्री संचालित अवस्था में पाई गई, जबकि मीटर के आउटपुट पर धारा (Current) लगभग शून्य दर्ज हो रही थी। विस्तृत जांच में पाया गया कि मीटर के इनपुट तार को बाईपास कर औद्योगिक भार का उपयोग किया जा रहा था, जिससे विद्युत ऊर्जा की चोरी की जा रही थी।
जांच के दौरान परिसर का अनुमानित विद्युत भार लगभग 80 के.वी.ए पाया गया। इस अनियमितता के कारण NBPDCL को ₹42,85,775 (बयालीस लाख पचासी हजार सात सौ पचहत्तर रुपये) की राजस्व क्षति हुई है।
उक्त मामले में संबंधित उपभोक्ता के विरुद्ध भारतीय विद्युत अधिनियम, 2003 की धारा 135 एवं अन्य प्रासंगिक विधिक प्रावधानों के अंतर्गत प्राथमिकी दर्ज कराने की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है।
NBPDCL ने स्पष्ट किया है कि विद्युत ऊर्जा चोरी के विरुद्ध डिजिटल निगरानी, तकनीकी विश्लेषण एवं विशेष छापेमारी अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा तथा दोषियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।



